अगस्त 03, 2017

टाइटन कंपनी ने Q1 में 42 फीसदी की राजस्व वृद्धि दर्ज की

टाइटन कंपनी के लिए FY2017-18 की पहली तिमाही काफी अच्छी रही, जहाँ कंपनी ने 42 फीसदी की वृद्धि और कर पूर्व लाभ (पीबीटी) में 110 फीसदी की वृद्धि दर्ज की। सेल्स से होने वाली आय इस प्रथम तिमाही में रु. 3,944.49 करोड़ के आंकड़े पर रही, जबकि पिछले वर्ष यही आंकड़ा रु. 2,769.55 करोड़ पर था। इसी अवधि के लिए पीबीटी बढ़कर रु. 370.70 हो गया जबकि पिछले वर्ष यह रु. 176.13 करोड़ के स्तर पर था, जिसका मूल कारण ज्वेलरी व्यवसाय में अच्छी वृद्धि का होना था।

ज्वेलरी डिविजन ने प्रथम तिमाही में 54 फीसदी की वृद्धि दिखाई, जो पिछले वर्ष के रु. 2,150.59 करोड़ से बढ़कर रु. 3,307.71 करोड़ हो गया। घड़ी व्यवसाय में इस वर्ष प्रथम तिमाही में रु. 509.92 करोड़ का व्यवसाय रहा जबकि यही पिछले वर्ष रु. 499.73 के आंकड़े पर था, यानी इस तिमाही 2 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई। कंपनी का आईवियर व्यवसाय प्रथम तिमाही में रु. 110.67 करोड़ पर ही रहा। अन्य व्यवसायों में शामिल हैं ऐक्सेसरीज, खुशबू तथा साड़ियाँ, जहाँ इस वर्ष 46 फीसदी की वृद्धि देखी गई और यह आंकड़ा रु. 19.90 करोड़ के स्तर पर रहा।

रिटेल व्यवसाय में निरंतर विस्तार हुआ है और इस वर्ष पहली तिमाही में इसके सभी व्यवसायों में 31 नए स्टोर शामिल किए गए हैं, जिससे अब कंपनी के पास राष्ट्रीय स्तर पर अब 1.83 मिलियन वर्ग फीट का रिटेल क्षेत्रफल मौजूद है। कंपनी के पास 30 जून , 2017 तक कुल 1,397 स्टोर थे, और इसमें लगातार विस्तार ही हो रहा है और साथ ही इसके सभी रिटेल व्यवसायों जैसे कि घड़ी, ज्वेलरी व आईवियर में विकास करने की योजनाएँ हैं।

आने वाली तिमाहियों में कंपनी ने अपने सभी उत्पादों की मांग में वृद्धि करने के लिए अभिनव विज्ञापन अभियानों तथा नये उत्पादों की योजनाएं गढ़ी हैं।

भाष्कर भट, प्रबंध निदेशक, टाइटन कंपनी, ने कहा, "हमारे ज्वेलरी व्यवसाय ने एक शानदार अक्षय तृतिया सेल, एक स्फल गोल्ड एक्सचेंज कार्यक्रम और साथ ही जीएसटी की दर बढ़ने के पूर्वानुमान के कारण जून 2017 में हुई अग्रिम ब्रिकी के कारण एक कमाल का प्रदर्शन दिखाया है। हमारे घड़ी व्यवसाय के सभी फॉर्मैट ने वृद्धि दर्ज की है पर टाइटन तथा फास्ट्रैक ब्रांट ऐक्टिवेशन के स्थगन के कारण टॉप लाइन ग्रोथ हासिल नहीं किया जा सका। हमारे आईवियर बिजनेस का प्रदर्शन, सनग्लास कैटगरी के मंदा रहने के कारण धीमा रहा। ज्वेलरी व्यवसाय की बढ़त से, इस तिमाही हमारे लाभों में शानदार इजाफा हुआ।”